देहरादून: खुद को IPS, रॉ एजेंट और आर्मी अफसर बताने वाला महाठग गिरफ्तार, रसूख दिखाकर ऐंठ चुका था लाखों रुपये
देहरादून की राजपुर थाना पुलिस ने एक ऐसे शातिर जालसाज को गिरफ्तार किया है जो खुद को कभी फर्जी आईपीएस, कभी सेना का वरिष्ठ अधिकारी, तो कभी रॉ (RAW) व सीआरपीएफ (CRPF) का बड़ा अफसर बताकर लोगों पर रौब झाड़ता था और उनसे लाखों की ठगी करता था। एसएसपी देहरादून की सटीक रणनीति के बाद इस शातिर ठग को पुलिस ने मसूरी रोड स्थित सीएसआई (CSI) तिराहे से धर दबोचा।
गिरफ्तार आरोपी कोई और नहीं बल्कि एक रिटायर्ड वरिष्ठ अधिकारी का बेटा है, जिसका खुद भी अधिकारी बनने का सपना था। सपना टूटने पर वह फर्जी अफसर बनकर लोगों को ठगने लगा।
दो बड़े मामलों में खुली पोल: नौकरी और कंपनी रजिस्ट्रेशन के नाम पर की ठगी
इस फर्जी आईपीएस अधिकारी के खिलाफ देहरादून के राजपुर थाने में दो अलग-अलग शिकायतें दर्ज कराई गई थीं, जिसके बाद पुलिस ने यह बड़ी कार्रवाई की:
मामला 1 (कंपनी पंजीकरण के नाम पर 15 लाख की ठगी): डाकरा बाजार निवासी अंशुल उपाध्याय ने राजपुर थाने में तहरीर दी कि यशोवर्धन नामक व्यक्ति ने खुद को वरिष्ठ अधिकारी बताया और होटल जिंजर के पास मिलकर उनकी दिवंगत मां की याद में एक कंपनी का पंजीकरण कराने के नाम पर 15 लाख रुपये की धोखाधड़ी की।
मामला 2 (रक्षा मंत्रालय में नौकरी का झांसा, 4.60 लाख की ठगी): कैनाल रोड स्थित सोशल स्टेज हॉस्टल की रहने वाली डॉ. अनुषा ने शिकायत दर्ज कराई कि यशोवर्धन ने उन्हें फर्जी आईपीएस का विजिटिंग कार्ड और आईडी दिखाकर प्रभाव में लिया। आरोपी ने उन्हें रक्षा मंत्रालय में ‘डाटा साइंस कंसलटेंट’ के पद पर नौकरी दिलाने का झांसा देकर 4,60,000 रुपये हड़प लिए।
यूपीएससी (UPSC) की असफलता ने बनाया ‘फर्जी अफसर’
पूछताछ में हुआ चौंकाने वाला खुलासा:
आरोपी आर. यशोवर्धन ने पुलिस पूछताछ में बताया कि उसके पिता एक वरिष्ठ सेवानिवृत्त अधिकारी हैं। बचपन से ही उसने अधिकारियों की पावर और रसूख को देखा था, इसलिए वह भी अफसर बनना चाहता था। उसने कई साल तक दिल्ली में रहकर यूपीएससी (UPSC) की तैयारी की, लेकिन असफल रहा। इसके बाद उसने अपनी फर्जी पहचान बनाई और लोगों पर रौब झाड़कर ठगी का धंधा शुरू कर दिया।
वह इतनी सफाई से बात करता था और उसके पास ऐसी वर्दी और फर्जी आई-कार्ड थे कि आम लोग आसानी से उसके झांसे में आ जाते थे।
आरोपी की प्रोफाइल और बरामदगी
गिरफ्तार अभियुक्त का नाम: आर० यशोवर्धन (उम्र 35 वर्ष) पुत्र एस० रामास्वामी।
पता: मकान नंबर-5, ऑफिसर्स रेजिडेंशियल कॉलोनी, आईएचएम कैंपस, गढ़ी कैंट, देहरादून।
बरामद की गई सामग्री:
पुलिस ने आरोपी के पास से भारी मात्रा में फर्जी सरकारी सामग्री और वर्दी बरामद की है:
05 फर्जी आई-कार्ड (आईडी)
08 फर्जी विजिटिंग कार्ड
25 पुलिस और आर्मी के लोगो (Logos)
03 जोड़ी आर्मी और पैरामिलिट्री की वर्दी
03 फर्जी रिबन
01 वायरलेस सेट
01 लैपटॉप
सराहनीय कार्य करने वाली पुलिस टीम
एसएसपी देहरादून के निर्देशों पर इस शातिर ठग को सलाखों के पीछे भेजने वाली टीम में निम्नलिखित अधिकारी व कर्मचारी शामिल रहे:
श्री नितिन लोहानी (क्षेत्राधिकारी डालनवाला)
उ०नि० पी०डी० भट्ट (थानाध्यक्ष राजपुर)
उ०नि० अनित कुमार
कांस्टेबल अमित
कांस्टेबल मोहित
हेड कांस्टेबल किरण कुमार (एसओजी तकनीकी सहायक)
