पुलिसकर्मियों के एसीपी मामले की घोषणा को धरातल पर न उतारना वादाखिलाफी- मोर्चा
पुलिसकर्मियों के एसीपी मामले की घोषणा को धरातल पर न उतारना वादाखिलाफी- मोर्चा
#मुख्यमंत्री ने अक्टूबर में 4600 ग्रेड पे की करी थी घोषणा | विकासनगर- जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि पुलिसकर्मियों को एसीपी (4600 ग्रेड पे) का लाभ दिए जाने की घोषणा माननीय मुख्यमंत्री द्वारा पुलिस शहीद दिवस 21 अक्टूबर को की गई थी, लेकिन अब तक घोषणा को धरातल पर उतारना दुर्भाग्यपूर्ण है | नेगी ने कहा कि पूर्व में पुलिस विभाग में समयमान वेतन के लाभ के रूप में पदोन्नति पद की प्रास्थिति के अनुरूप कार्मिकों को अगला वेतनमान अनुमन्य था, परंतु एमएसीपी व्यवस्था लागू होने के उपरांत जिन पदों का वेतनमान एवं ग्रेड वेतन/मैट्रिक्स लेवल अनुमन्य कराया जा रहा है, वह पद उस संवर्ग के ढांचे में विद्यमान नहीं है |सातवें वेतन आयोग की सिफारिश के क्रम में एमएसीपी व्यवस्था के अंतर्गत शासनादेशानुसार पदोन्नति पद का लाभ स्वीकृत न होकर अगला ग्रेड वेतन स्वीकृत होने के कारण क्रमशः 10-20-30 वर्ष की सेवा पर स्तरोन्नयन का लाभ स्वीकृत होने के उपरांत एक ही पद पर कार्य तथा एक ही वर्ष के भर्ती कार्मिक अपने समकक्ष वरिष्ठ पदोन्नत कर्मी के समान वेतनमान एवं ग्रेड वेतन/ वेतन मैट्रिक्स का लाभ प्राप्त नहीं कर पाएंगे, जिससे विसंगति होना लाजिमी है | पुलिस विभाग में 2800 ग्रेड पे यानी एएसआई का पद विभागीय ढांचे में विद्यमान नही है, जिस कारण उनको अगला ग्रेड पे 4600 अनुमन्य होना चाहिए | उक्त विसंगति के चलते कार्मिकों को 10-15 हजार का आर्थिक नुकसान प्रतिमाह होना लाजिमी है, क्योंकि पुलिस विभाग में अराजपत्रित अधिकारियों/ कर्मचारियों पर स्टाफिंग पैटर्न की व्यवस्था लागू नहीं है तथा पदोन्नति के सोपान भी अन्य विभागों की तुलना में बहुत कम हैं | अधिकांश पुलिसकर्मी भर्ती के पद से ही सेवानिवृत्त हो जाते हैं | नेगी ने कहा कि सरकार को तत्काल अपनी घोषणा पर अमल करना चाहिए | प्रतिनिधिमंडल में- मोर्चा महासचिव आकाश पंवार व दिलबाग सिंह मौजूद थे |
Idea for news ke liye dehradun se amit singh negi ki report.
